
रायपुर सहित छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में मौसम के तेवर बदलने के संकेत मिले हैं। मौसम विभाग का अनुमान है कि बंगाल की खाड़ी में सक्रिय सिस्टम के असर से 23 फरवरी को प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की वर्षा हो सकती है, हालांकि व्यापक बारिश की संभावना फिलहाल कम है।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना निम्न दबाव क्षेत्र ऊपरी वायुमंडल तक फैला हुआ है। इसके साथ जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है। इसी प्रणाली से जुड़ी द्रोणिका दक्षिण भारत की ओर से नमी खींचकर छत्तीसगढ़ के दक्षिणी हिस्सों तक पहुंचा रही है, जिससे बादल छाने और बूंदाबांदी के हालात बन रहे हैं।
विशेष रूप से बस्तर संभाग के जिलों में इसका असर अधिक रहने की संभावना जताई गई है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है। विभाग ने वज्रपात को लेकर भी सतर्क रहने की सलाह दी है।
तापमान की बात करें तो 24 फरवरी से रात के पारे में गिरावट शुरू हो सकती है। अनुमान है कि न्यूनतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक कमी आ सकती है, जिससे रात के समय हल्की ठंड का एहसास होगा। दिन के तापमान में फिलहाल ज्यादा बदलाव के संकेत नहीं हैं।
राजधानी रायपुर में आंशिक बादल छाए रहने का अनुमान है। अधिकतम तापमान लगभग 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 20 डिग्री के आसपास रह सकता है। हाल ही में दर्ज 34.8 डिग्री सेल्सियस का अधिकतम तापमान सामान्य से ऊपर रहा है।
प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में अभी मौसम शुष्क बना हुआ है। राजनांदगांव में अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
मौसम विभाग का कहना है कि अगले एक सप्ताह में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है, लेकिन रात के तापमान में गिरावट से मौसम सुहावना बना रहेगा। गरज-चमक की स्थिति में खुले स्थानों पर खड़े न रहने और सुरक्षित जगह पर शरण लेने की सलाह दी गई है।





