कोरिया। कोरिया में झूठी बयानबाजी के मामले में कोर्ट ने सख्ती दिखाई है। कोर्ट ने शिकायतकर्ता को झूठे केस में फंसाने के लिए दोषी ठहराते हुए जुर्माना लगाया है। 20 मई 2018 को महिला पूजा साहू ने युवक पर घर में घुसकर अनुचित हरकत करने और धमकी देने का आरोप लगाया था। वहीं आरोप लगाने के बाद शिकायतकर्ता अपने बयान से पलट गई थी।दरअसल, यह पूरा मामला 9 जून 2018 का है। शिकायतकर्ता पूजा साहू ने राम प्रकाश उर्फ सोनू साहू पर घर में घुसकर अनुचित हरकत करने और धमकी देने का आरोप लगाया था। सोनहत थाने में महिला की शिकायत के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया था। मामले में पूरी जांच होने के बाद 20 जुलाई 2018 को कोर्ट में रिपोर्ट पेश किया गया था। जिस पर न्यायिक मजिस्ट्रेट असलम खान ने सुनवाई की थी।मामले की कोर्ट में सुनवाई के दौरान प्रार्थिया पूजा साहू अपने बयान से मुकरते हुए झूठा बयान देने को स्वीकार कर लिया है। जिसके बाद मामले में कार्यवाही करते हुए कोर्ट ने प्रार्थिया को झूठा बयान देने का दोषी ठहराया। साथ ही महिला पर 500 रुपये का जुर्माना भी लगाया है। वहीं आरोपी के द्वारा जुर्माना राशि जमा करने के बाद केस को समाप्त कर दिया गया है।लगातार इस तरह के प्रकरण आ रहे थे जिसमें शिकायतकर्ता कोर्ट में सुनवाई के दौरान अपने बयानों से पलट जाते थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस महानिरीक्षक सरगुजा रेंज अंकित गर्ग ने पुलिस अधिकारियों को मामलों की जांच के आदेश दिए थेI जिसके बाद एसपी सूरज सिंह परिहार की निगरानी में ऐसे मामलों को प्रमुखता से उठाते हुए कोर्ट से अनुरोध किया था I वहीं पुलिस अधिकारियों के प्रयासों से निर्दोष सजा मिलने से बच गया ISpread the lovePost navigationबुजुर्ग से 46 लाख की ठगी, मोटे मुनाफे का झांसा देकर लूटी बड़ी रकम सेंट्रल जीएसटी के दो अफसरों ने मांगी 75 हजार की रिश्वत, CBI ने किया गिरफ्तार