धमतरी। जैसे ही बारिश का मौसम शुरू हुआ है, खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने सतर्कता बरतते हुए शहर के होटल, रेस्टोरेंट और खाद्य दुकानों पर औचक निरीक्षण शुरू कर दिया है। इसका उद्देश्य है – मानसून में खाद्य सामग्री की गुणवत्ता बनाए रखना और मिलावट पर रोक लगाना।शनिवार को विभाग की टीम ने हर्ष सुपर मार्ट, दीपक होटल (बठेना), दी जिंजर लीफ (रूद्री रोड), भैरूनाथ पावभाजी, सेवन स्टार रेस्टोरेंट, सोनकर चिकन सेंटर, यादव चाट सेंटर सहित अन्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया।टीम ने नमक, बिस्कुट, पनीर, मैदा, चायपत्ती, पकी दाल, पनीर की सब्जी, बेसन, साबूदाना सहित कई खाद्य सामग्री के नमूने लेकर जांच के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, रायपुर भेजा है।स्वास्थ्य और लाइसेंस पर भी ध्यान:भैरूनाथ पावभाजी सेंटर (रूद्री रोड) को मेडिकल फिटनेस सर्टिफिकेट अनिवार्य रूप से बनवाने के निर्देश दिए गए।गणेश मोमोस सेंटर, जलाराम दाबेली, रोहित एगरोल, बाबे भेल, गुपचुप सेंटर सहित अन्य विक्रेताओं को 7 दिनों के भीतर खाद्य पंजीयन प्रमाणपत्र (FSSAI रजिस्ट्रेशन) बनवाने के निर्देश दिए गए हैं।खाद्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि पंजीयन नहीं कराने वाले प्रतिष्ठानों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। विभाग का कहना है कि बारिश के मौसम में खाद्यजनित रोगों का खतरा अधिक रहता है, ऐसे में साफ-सफाई और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री की उपलब्धता अनिवार्य है।जनहित में अपील:खाद्य विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे केवल पंजीकृत और साफ-सुथरे प्रतिष्ठानों से ही खाद्य सामग्री खरीदें और किसी भी संदिग्ध वस्तु की शिकायत विभाग को दें।Spread the lovePost navigationपीएम सूर्य घर योजना: बिजली बचत से आर्थिक सशक्तिकरण तक मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय 72 करोड़ 70 लाख 32 हजार रूपए की लागत से 61 कार्यों का करेंगे लोकार्पण और भूमिपूजन