रायपुर : कभी हैंडपंप के सहारे जीवनयापन करने वाला महासमुंद जिले केे सरायपाली विकासखंड का ग्राम लांती आज जल जीवन मिशन की बदौलत एक नई पहचान बना चुका है। “हर घर जल” के लक्ष्य को साकार करते हुए गांव के 233 घरों तक अब नल के माध्यम से नियमित रूप से स्वच्छ पेयजल पहुंच रहा है, जिससे ग्रामीणों के जीवन में बड़ा सकारात्मक बदलाव आया है।गांव में लंबे समय से पेयजल की समस्या बनी हुई थी। खासकर गर्मी के दिनों में जल संकट गहराने पर महिलाओं को दूर-दराज के स्रोतों से पानी लाना पड़ता था। इससे न केवल समय की बर्बादी होती थी, बल्कि अत्यधिक श्रम भी करना पड़ता था। लेकिन अब यह स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। जल जीवन मिशन के तहत ग्राम लांती में 85.04 लाख रुपये की लागत से जल प्रदाय सिस्टम स्थापित किया गया है। इसके अंतर्गत एक आधुनिक पानी टंकी का निर्माण किया गया और लगभग 4400 मीटर लंबी पाइपलाइन बिछाई गई। पहले जहां गांव में केवल 6 हैंडपंप और 2 पावर पंप के जरिए जल आपूर्ति होती थी, वहीं अब अधिकांश घरों में नल कनेक्शन के माध्यम से सीधे स्वच्छ जल उपलब्ध हो रहा है।ग्राम पंचायत की सरपंच सुभाषिणी साहू के नेतृत्व, पंचायत प्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी और ग्रामीणों के सहयोग से यह महत्वपूर्ण उपलब्धि अर्जित की गई है। सामूहिक प्रयासों का ही परिणाम है कि ग्राम लांती को 13 सितंबर 2025 को “हर घर जल ग्राम” के रूप में प्रमाणित किया गया। गांव की ललिता दास बताती हैं कि पहले उन्हें पानी के लिए लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ता था और कई बार दूर तक जाना पड़ता था।अब घर में ही नल से पानी मिलने से न केवल उनकी दिनचर्या आसान हुई है, बल्कि परिवार के स्वास्थ्य में भी स्पष्ट सुधार देखने को मिला है। जल जीवन मिशन के प्रभाव से ग्राम लांती में न सिर्फ बुनियादी सुविधा मजबूत हुई है, बल्कि ग्रामीणों के जीवन स्तर में भी व्यापक सुधार आया है।Spread the lovePost navigationप्रधानमंत्री सूर्य घर मुक्त बिजली योजना को जिले में ऐतिहासिक सफलता महिलाओं के लिए सुनहरा अवसर: छत्तीसगढ़ में आंगनबाड़ी सहायिका पदों पर बंपर भर्ती