बस्तर का सबसे खतरनाक नक्सली हिडमा मारा गया, 6 माओवादी ढेर नवा रायपुर में बच्चों संग प्रेरक संवाद, बच्चों के रोचक सवालों का मंत्री ने दिया जवाब

सुकमा। सुरक्षाबलों को मंगलवार को बड़ी कामयाबी मिली है। देश के सबसे कुख्यात और वांछित माओवादी कमांडरों में शामिल माडवी हिडमा (43) को आंध्र प्रदेश में मुठभेड़ के दौरान मार गिराया गया। हिडमा लंबे समय से सुरक्षा एजेंसियों के लिए सिरदर्द बना हुआ था और उस पर 1 करोड़ रुपये का इनाम घोषित था।
जानकारी के मुताबिक, आंध्र प्रदेश के अल्लूरी सीताराम राजू (ASR) जिले के मारेदुमिल्ली इलाके में पुलिस और माओवादियों के बीच सुबह 6 से 7 बजे के बीच मुठभेड़ हुई। इस दौरान हिडमा समेत कुल 6 माओवादी ढेर हो गए। मुठभेड़ के बाद इलाके में व्यापक तलाशी अभियान जारी है।
हिडमा छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले के पुवर्ती क्षेत्र का रहने वाला था और CPI (माओवादी) की केंद्रीय समिति का सबसे कम उम्र का सदस्य बताया जाता है। वह PLGA बटालियन नंबर 1 का प्रमुख था, जिसे माओवादियों की सबसे घातक लड़ाकू इकाई माना जाता है। सूत्रों के अनुसार, इस मुठभेड़ में हिडमा की दूसरी पत्नी राजे उर्फ राजक्का भी मारी गई।
किन-किन बड़े हमलों का मास्टरमाइंड था हिडमा?
- 2010 दंतेवाड़ा हमला: 76 CRPF जवान शहीद
- 2013 झीरम घाटी नरसंहार: 27 लोग मारे गए, जिनमें कांग्रेस के कई बड़े नेता शामिल
- 2021 सुकमा–बीजापुर एम्बुश: 22 जवान शहीद
इसके अलावा हिडमा ने बस्तर में कई बड़े नक्सली ऑपरेशनों की अगुवाई की और वर्षों तक नक्सली गतिविधियों का केंद्र रहा।
सुरक्षा एजेंसियों ने हिडमा की मौत को बस्तर में माओवादी नेटवर्क के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी सफलता बताया है। आंध्र प्रदेश के डीजीपी हरीश कुमार गुप्ता ने कहा कि मारे गए माओवादियों में एक शीर्ष नेता भी शामिल है और आगे भी तलाशी अभियान जारी है।





