नई दिल्ली : पश्चिम एशिया में उभरते संकट के मद्देनजर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज राज्यों के मुख्यमंत्रियों और उपराज्यपालों के साथ महत्त्वपूर्ण उच्चस्तरीय बैठक की। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित इस बैठक में केंद्र और राज्य सरकारों के समन्वय, आपूर्ति शृंखला की मजबूती और नागरिक हितों को सुरक्षित रखने पर जोर दिया गया।प्रधानमंत्री मोदी ने भरोसा जताया कि “टीम इंडिया” एकजुट होकर इस चुनौती का सामना करेगी। उन्होंने राज्यों को निर्देश दिए कि पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की आपूर्ति निर्बाध बनी रहे, जमाखोरी और मुनाफाखोरी पर कड़ी कार्रवाई की जाए। कृषि क्षेत्र में उर्वरक भंडारण और वितरण की निगरानी बढ़ाई जाए ताकि खरीफ सीजन प्रभावित न हो।बैठक में जिला स्तर तक कंट्रोल रूम सक्रिय रखने, नियमित मॉनिटरिंग और त्वरित निर्णय लेने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया। तटीय और सीमावर्ती राज्यों को नौवहन और आपूर्ति से जुड़ी चुनौतियों के लिए सतर्क रहने के निर्देश दिए गए। प्रधानमंत्री ने अफवाहों और गलत सूचनाओं से बचने की अपील करते हुए समय पर सही और विश्वसनीय जानकारी फैलाने पर जोर दिया।विदेशों, खासकर पश्चिम एशिया में रह रहे भारतीयों की मदद के लिए हेल्पलाइन और नोडल अधिकारी नियुक्त करने के निर्देश भी बैठक में दिए गए। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में कटौती और एलपीजी की उपलब्धता बढ़ाने के कदमों की जानकारी दी। कैबिनेट सचिव टी.वी. सोमनाथन ने मौजूदा स्थिति और आवश्यक कदमों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया।मुख्यमंत्रियों ने केंद्र के उपायों की सराहना की और भरोसा जताया कि उनके राज्यों में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता बनी रहेगी। सभी ने संकट से निपटने के लिए केंद्र के साथ संपूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। Spread the lovePost navigationपंडोह डैम के नजदीक भयानक टक्कर, बस और कार हादसे में 2 की मौत, 2 जख्मी मालदा जज घेराव मामले की जांच NIA को सौंपी, 12 एफआईआर दर्ज